लक्ष्य तय करें और उसके अनुसार बजट बनाएँ
अपने वित्तीय लक्ष्यों को प्राप्त करने के लिए छोटे-छोटे लक्ष्य तय करें, जो एक निश्चित समय में हासिल किए जा सकें । स्पष्ट लक्ष्य तय करके ही व्यक्ति अपने खर्चों पर नियंत्रण कर सकता है और अपने भविष्य को सुरक्षित बनाने की दिशा में काम कर सकता है।
लक्ष्य तय करना
एक अच्छा लक्ष्य स्मार्ट (SMART) होना चाहिए । स्मार्ट यानी जो सटीक हो, जो निश्चित हो, जो हासिल किया जा सके, जो वास्तविक और समयबद्ध हो ।
| विवरण | गलत तरीका | सही तरीका | |
|---|---|---|---|
| सटीक | आपको यह ठीक-ठीक पता होना चाहिए कि आप क्या हासिल करना चाहते हैं और कब तक हासिल करना चाहते हैं । | मुझे अगले वर्ष अपनी पोती के जन्मदिन के लिए अलग से पैसे जमा करने होंगे । | मुझे अगले वर्ष अपनी पोती के जन्मदिन के लिए अगले दस महीनों तक अलग से ₹1,000/- जमा करने होंगे । |
| निश्चित | लक्ष्य हमेशा निश्चित होना चाहिए, ताकि आपको यह पता हो कि आप उसे कब तक हासिल कर लेंगे । | मैं अपने क्रेडिट कार्ड के अधिकांश बकाया बिलों का जल्द ही भुगतान कर दूँगा । | अगले छह महीनों में, मैं अपने क्रेडिट कार्ड के सभी बिलों का पूरा भुगतान व्यवस्थित तरीके से कर दूँगा । |
| जो हासिल किया जा सके | आपका लक्ष्य ऐसा होना चाहिए जिसे हासिल करना संभव हो । | मैं पैसे बचाऊँगा । | मैं हर महीने अलग से ₹4,000/- बचाऊँगा और इस प्रकार हर वर्ष ₹48,000/- की बचत करूँगा । |
| वास्तविक | आपके लक्ष्य उपलब्ध साधनों के मुताबिक होने चाहिए जिन्हें आप वास्तव में पूरा कर सकते हों । | नियमित रूप से बचत करके, मैं करोड़पति बन जाऊँगा । | नियमित रूप से बचत करके, अगले वर्ष जनवरी तक मैं अपने सभी कर्जों को चुका दूँगा । यदि मैं अपना सारा कर्ज चुकाने के बाद भी नियमित रूप से बचत करना जारी रखूंगा, तो मैं अगले दिसम्बर तक अपने जीवन-यापन हेतु छह महीनों में होने वाले खर्चे जितनी रकम बचा लूँगा । |
| समयबद्ध | समयबद्ध लक्ष्य रखने से आप उस दिशा में हुई प्रगति का जायजा ले सकते हैं और इससे आपको उस राह पर बढ़ते रहने के लिए तब तक प्रोत्साहन मिलता है जब तक कि आप उस लक्ष्य को हासिल नहीं कर लेते। | मैं अपनी बेटी की शादी के लिए पैसे बचाऊँगा । | मैं अपनी बेटी की शादी के लिए अगले 10 वर्षों तक हर वर्ष ₹50,000/- की बचत करूँगा । |
बजट बनाना
बजट बनाने का अर्थ है यह तय करना कि आप अपने पैसे को कहाँ-कहाँ और कैसे-कैसे खर्च करेंगे ।
बजट बनाकर हम सभी स्रोतों से होने वाली आय और किए जाने वाले खर्चों का लेखा-जोखा रख सकते हैं, खर्चों पर काबू रख सकते हैं, पैसे को बचा सकते हैं, कर्जे चुका सकते हैं और अपने लक्ष्यों को पूरा करने की दिशा में आगे बढ़ सकते हैं ।